स्वास्थ्य विशेषज्ञ बताते हैं, 10-10-10 रूल का अगर कम उम्र से पालन कर लिया जाए तो ये आपकी सेहत के ठीक रखने में काफी मददगार हो सकता है।  इसमें न तो भारी एक्सरसाइज की जरूरत होती है, न ही किसी विशेष आहार की।

ब्लड शुगर हाई रहने की समस्या यानी डायबिटीज एक गंभीर बीमारी है, जिसका जोखिम सभी उम्र के लोगों में तेजी से बढ़ता हुआ देखा जा रहा है। आजकल की दौड़भाग भरी जिंदगी में डायबिटीज एक आम लेकिन खतरनाक बीमारी बन चुकी है। भारत में इस रोग के मामले काफी तेजी से बढ़े हैं, जिसको लेकर स्वास्थ्य विशेषज्ञ गंभीर चिंता जताते हैं। 

डॉक्टर कहते हैं, गलत खानपान, तनाव और शारीरिक गतिविधियों की कमी के कारण इस रोग का जोखिम तेजी से बढ़ता जा रहा है। आलम ये है कि अब 20 से भी कम उम्र के लोग इस गंभीर बीमारी का शिकार होते जा रहे हैं। इस बीमारी के जोखिमों को ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विशेषज्ञ सभी लोगों को कम उम्र से ही बचाव के उपाय करते रहने की सलाह देते है।

डॉक्टर कहते हैं, अगर समय रहते कुछ आसान नियमों को अपना लिया जाए, तो न सिर्फ डायबिटीज के खतरे को कम किया जा सकता है बल्कि आप इस बीमारी के कारण होने वाली कई तरह की अन्य जटिलताओं से भी बचे रह सकते हैं। विशेषज्ञों की टीम ने डायबिटीज से बचाव के लिए 10-10-10 रूल बताया है जिससे आप इस रोग के खतरे को कम कर सकते हैं।

क्या है 10-10-10 रूल?

स्वास्थ्य विशेषज्ञ बताते हैं, 10-10-10 रूल का अगर कम उम्र से पालन कर लिया जाए तो ये आपकी सेहत के ठीक रखने में काफी मददगार हो सकता है।  इसमें न तो भारी एक्सरसाइज की जरूरत होती है, न ही किसी विशेष आहार की। बस दिनचर्या में मामूली बदलाव करके आप अपनी शुगर को कंट्रोल में रख सकते हैं। आइए जानते हैं क्या है ये 10-10-10 नियम और कैसे यह आपके स्वास्थ्य को डायबिटीज से बचा सकता है?

  • भोजन के बाद 10 मिनट टहलने की बनाएं आदत। 
  • हर 10 दिन में एक बार अपनी हेल्थ एक्टिविटी चेक करें।
  • 10% वजन घटाएं अगर आप ओवरवेट हैं। 

भोजन के बाद 10 मिनट की वॉक

न्यूजीलैंड की यूनिवर्सिटी ऑफ ओटागो ने एक अध्ययन में पाया गया कि भोजन के बाद 10 मिनट की हल्की वॉक ब्लड शुगर को बढ़ने से रोकने में मदद करती है। खाने के बाद वॉक करने से भोजन में मौजूद ग्लूकोज के स्तर को शरीर बेहतर तरीके से इस्तेमाल में ला पाता है और इसका उपयोग ऊर्जा के रूप में होता है। इसे शुगर लेवल बढ़ता नहीं है और भोजन का पाचन भी ठीक तरीके से हो पाता है। 

हेल्थ एक्टिविटी की करें जांच

इस नियम के दूसरे चरण में सभी लोगों को अपनी शारीरिक गतिविधि को ट्रैक करने की सलाह दी जाती है। नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन द्वारा प्रकाशित एक अध्ययन के अनुसार, मधुमेह का प्रभावी प्रबंधन केवल औषधीय उपचार तक सीमित नहीं है, बल्कि रक्त शर्करा की निगरानी, आहार नियंत्रण, शारीरिक गतिविधि, तनाव नियंत्रण और भावनात्मक जागरूकता जैसे अभ्यास भी जरूरी हैं।

कम करें वजन

अमेरिकन डायबिटीज एसोसिएशन के मुताबिक मोटापासे ग्रसित व्यक्तियों में टाइप-2 डायबिटीज होने का खतरा अन्य लोगों की तुलना में अधिक होता है। ऐसे लोगों के लिए डायबिटीज से बचाव के सबसे अच्छा तरीका है अपना वजन कम करना। अगर आप  सिर्फ अपना वजन 10% तक ही घटा लेते हैं तो इससे टाइप-2 डायबिटीज का खतरा 58% तक कम हो सकता है।

10-10-10 रूल अपनाने के कई सारे लाभ

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, ब्लड शुगर लेवल को कंट्रोल में रखने में मदद करने के साथ 10-10-10 रूल  अपनाकर आप इंसुलिन रेसिस्टेंस को कम कर सकते हैं। ये वजन घटाने, मेटाबोलिज्म को बूस्ट करने, हृदय और मानसिक स्वास्थ्य में सुधार करने के साथ मोटापे की समस्या से निजात दिलाने में भी आपके लिए मददगार हो सकता है। कम उम्र से ही इसका पालन आपको कई प्रकार के स्वास्थ्य लाभ दे सकता है।

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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।

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