झारखंड के खिलाड़ी अंतर्राष्ट्रीय फलक पर खेल के मैदान में लगातार परचम लहरा रहे हैं। झारखंड बोकारो की रहने वाली अनामिका मुखर्जी ने भी देश का मान बढ़ाया है। उन्होंने दक्षिण अफ्रीका में संपन्न एशियन पैसेफिक पावरलिफ्टिंग चैंपियनशिप में देश का प्रतिनिधित्व करते हुए रजत पदक जीतकर भारत का गौरव बढ़ाया है।  

दक्षिण अफ्रीका के पोटचेफस्ट्रूम (Potchefstroom) में 4 से 10 जुलाई तक आयोजित एशियन पैसिफिक पावरलिफ्टिंग चैंपियनशिप में भारत की 10 सदस्यीय टीम ने भाग लिया। इस प्रतियोगिता में झारखंड की प्रतिभाशाली पावरलिफ्टर अनामिका मुखर्जी ने 52 किलोग्राम सीनियर वर्ग में भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए शानदार प्रदर्शन किया और रजत पदक जीतकर देश का गौरव बढ़ाया। अनामिका मुखर्जी एक अत्यंत साधारण एवं आर्थिक रूप से कमजोर परिवार से आती हैं।

सीमित संसाधनों और किसी प्रकार के आर्थिक सहयोग के बिना भी उन्होंने अपने कठिन परिश्रम, दृढ़ संकल्प और लगन के बल पर यह अंतरराष्ट्रीय उपलब्धि हासिल की है। अनामिका बोकारो स्टील सिटी स्थित गुरुकुल जिम में अपने गुरु एवं कोच देवी प्रसाद चटर्जी के मार्गदर्शन में नियमित अभ्यास करती हैं।

उनकी इस सफलता में उनके कोच का महत्वपूर्ण योगदान रहा है। अनामिका की इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर झारखंड पावरलिफ्टिंग संघ के सचिव इंद्रजीत सिंह, उनके गुरु एवं कोच देवी प्रसाद चटर्जी तथा बोकारो पावरलिफ्टिंग संघ की सचिव सुचेता चटर्जी ने हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने कहा कि अनामिका की सफलता झारखंड के युवा खिलाड़ियों के लिए प्रेरणास्रोत है और भविष्य में वह भारत के लिए स्वर्ण पदक भी जीतेंगी।