साल 2014 के बाद एलपीजी अवसंरचना के विस्तार और लक्षित कल्याणकारी योजनाओं ने देशभर में स्वच्छ खाना पकाने के ईंधन की कवरेज को नई गति दी। देश में एलपीजी कनेक्शन में साल 2014 की तुलना में साल 2026 तक ऐतिहासिक बढ़ोतरी हुई है.
साल 2014 में देश में 55.9% तक एलपीजी की पहुंच थी लेकिन साल 2026 तक ये 107.2% तक हो गई है। साल 2014 तक देश में 14.51 करोड़ एलपीजी उपभोक्ता थे, जबकि साल 2026 तक 33.39 करोड़ एलपीजी उपभोक्ता हो चुके हैं।
वहीं इन 12 सालों में एलपीजी की खपत भी लगभग दोगुनी हो चुकी है। साल 2014 में एलपीजी की खपत 17.6 मिलियन मीट्रिक टन थी जो साल 2026 तक बढ़कर 34 मिलियन मीट्रिक टन हो चुकी है। वहीं PMUY योजना के जरिए वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान 49.21 करोड़ सिलेंडर रिफिल किए गए।




